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आत्मनिर्भर भारत : रक्षा उत्पादन विभाग ने सामरिक रूप से महत्वपूर्ण 405 वस्तुओं की छठी सकारात्मक स्वदेशीकरण सूची अधिसूचित की

रक्षा मंत्रालय के रक्षा उत्पादन विभाग (डीडीपी) ने छठी सकारात्मक स्वदेशीकरण सूची (पीआईएल) अधिसूचित की है, जिसमें सामरिक रूप से महत्वपूर्ण 405 वस्तुएं शामिल हैं। इनका अनुमानित व्यापार मूल्य 3,070 करोड़ रुपये है।  इस सूची में लाइन रिप्लेसेबल यूनिट्स, सब-सिस्टम, सब-असेंबली, स्पेयर पार्ट्स, कंपोनेंट्स और कच्चा माल शामिल हैं। इनमें भारतीय तटरक्षक बल (आईसीजी) की 16 वस्तुएं और सार्वजनिक क्षेत्र के रक्षा उपक्रमों (डीपीएसयू) की 389 वस्तुएं शामिल हैं। ये वस्तुएं रक्षा प्लेटफार्मों और प्रणालियों की एक विस्तृत श्रृंखला को कवर करती हैं, जिनमें शामिल हैं: एडवांस्ड लाइट हेलीकॉप्टर, लाइट यूटिलिटी हेलीकॉप्टर, एसयू-30एमकेआई, लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट और एएल-31एफपी इंजन जैसे एयर प्लेटफॉर्म। टी-72, टी-90 और बीएमपी-II सहित बख्तरबंद प्लेटफॉर्म युद्धपोतों कोंकर्स-एम, इन्वार और एमआरएसएएम जैसी मिसाइल प्रणालियां रडार, सोनार, अग्नि नियंत्रण प्रणाली और उपग्रह संचार प्रणाली सहित रक्षा इलेक्ट्रॉनिक्स उच्च विस्फोटक टैंक-रोधी गोला-बारूद और अन्य महत्वपूर्ण रक्षा उपकरण (405 वस्तुओं की छठी सकारात्मक स्वदेशीकरण सूची) 40...

जो बाइडेन America को सुरक्षित रखना चाहते हैं

 

Joe Biden wants to keep America safe
अमेरिका के सैनिक 31 अगस्त से पहले ही काबुल एयरपोर्ट को छोड़ कर चले गए, अमेरिकी सेनाओं की अफगानिस्तान से पूरी तरह वापसी के बाद US प्रेसिडेंट जो बाइडेन ने व्हाइट हाउस में आज प्रेस कॉन्फ्रेंस की जिसमें उन्होंने ने अफगानिस्तान में फंसे अमेरिकियों को वापस लाने का दावा किया | 

आगे कहा कि अभी वहां पर करीब 100-200 अमेरिकी नागरिक फंसे हुए हैं और फौजों की वापसी के बाद इन फंसे हुए अमेरिकियों को लेकर बाइडेन की आलोचना की जा रही थी। 

बाइडेन से जब सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि जो नागरिक फंसे हैं, उनके पास अफगानिस्तान की भी नागरिकता है। पहले इन लोगों ने अपने अफानिस्तानी मूल का हवाला देते हुए वहीं रुकने का फैसला किया था, पर अब वो वहां से निकलना चाहते हैं। अफगानिस्तान में जितने भी अमेरिकी थे और वापस आना चाहते थे, उनमें से 90% वापस आ चुके हैं। जो फंसे हुए हैं, उनके लिए कोई डेड लाइन नहीं हैं। हम उन्हें वापस लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

जो बाइडेन अफगानिस्तान का इस्तेमाल आतंक के लिए ना हो,अमेरिकी सेना ने हितों के लिए काबुल छोड़ा हैं | 2001 से तालिबान मजबूत हो रहा था, हम अमेरिका को सुरक्षित रखना चाहते हैं और हमारा मुख्य लक्ष्य अमेरिका को बचाना हैं |

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