भारत और नेपाल दक्षिण एशिया के सबसे सक्रिय भू व्यापारिक संबंधों में से एक साझा करते हैं। भारत नेपाल का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है। यह नेपाल के कुल व्यापार का 60 प्रतिशत से अधिक हिस्सा है जो दोनों देशों के बीच गहरी आर्थिक परस्पर निर्भरता को दर्शाता है। केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा राष्ट्रीय राजमार्ग-927 के 4 लेन वाले आधुनिक पहुंच नियंत्रित (एक्सेस कंट्रोल्ड) बाराबंकी-बहराइच खंड के निर्माण को मंजूरी देने से भारत और नेपाल के बीच व्यापारिक संबंधों को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की उम्मीद है। रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण रूपाईडीहा लैंड पोर्ट और निकटवर्ती नेपालगंज तक बेहतर सम्पर्क प्रदान करके इस परियोजना से सीमा पार व्यापार को बढ़ावा मिलने, क्षेत्रीय आजीविका को समर्थन मिलने और दोनों पड़ोसी देशों के बीच आर्थिक सहयोग बढ़ने की उम्मीद है। विभिन्न सीमा बिंदुओं में रूपाईडीहा-नेपालगंज मार्ग की विशेष भूमिका है। भारत से नेपाल को होने वाले अधिकांश निर्यात इसी सीमा मार्ग से होते हैं। नए एनएच-927 से अधिक सम्पर्क सुविधा से आने वाले वर्षों में इस मार्ग के माध्यम से ...
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण व जनजातीय कार्य मंत्री श्री Arjun Munda ने खूंटी, झारखंड में पूर्वी क्षेत्र कृषि मेले का शुभारंभ किया। इस मौके पर श्री मुंडा ने कहा कि यह मेला देश के पूर्वी क्षेत्र के किसानों के लिए काफी लाभदायक होगा, जिसकी सार्थकता खेतों में नजर आएगी। केंद्र सरकार की कोशिश है कि हर राज्य खेती में आत्मनिर्भर बने और हमारे किसानों की आय बढ़े। किसानों को गर्व से यह कहने का मौका मिले कि हम किसी के मोहताज नहीं हैं, बल्कि हम मजबूत हैं और हमारे माध्यम से हमारा देश भी सशक्त है। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के अंतर्गत राष्ट्रीय कृषि उच्चतर प्रसंस्करण संस्थान, रांची के तत्वावधान में कृषि विज्ञान केंद्र, तोरपा, खूंटी में आयोजित इस मेले में पूर्वी राज्यों के हजारों किसान शामिल हुए हैं। यहां मुख्य अतिथि के रूप में केंद्रीय मंत्री श्री मुंडा ने कहा कि पूर्वी क्षेत्र में किसानों को परंपरागत खेती के साथ तकनीक से कैसे जोड़ा जाए, उनकी आय बढ़ाते हुए उन्हें आत्मनिर्भर कैसे बनाएं, कृषि संबंधी विभिन्न मुद्दों का समाधान कैसे हो, इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए इस वृहद मेले का आयोजन किया गया है...